दिग्विजय सिंह की ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ का रूट क्या है? देख लीजिए
उज्जैन से शुरू होकर 5 नवंबर को राघौगढ़ के पाटई आश्रम पहुंचेगी पदयात्रा, 17 दिनों का कार्यक्रम तय
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह।
भोपाल, 14 अक्टूबर 2026। मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के नेतृत्व में निकलने वाली ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ के पहले चरण का आधिकारिक मार्ग जारी कर दिया गया है। यह पदयात्रा 20 अक्टूबर 2026 को विजयदशमी के अवसर पर उज्जैन से शुरू होगी और 5 नवंबर को राघौगढ़ के पाटई आश्रम पहुंचेगी। पहले चरण में यात्रा उज्जैन, शाजापुर, राजगढ़ और गुना जिले के विभिन्न नगरों और गांवों से होकर गुजरेगी। इसके लिए कुल 17 दिनों का कार्यक्रम तय किया गया है।
यात्रा की शुरुआत 20 अक्टूबर को उज्जैन में भगवान महाकालेश्वर के दर्शन और पूजन के साथ होगी। इस दौरान नृसिंह घाट के पास बालाजी गार्डन में विश्व कल्याण के लिए असंख्य पार्थिव शिवलिंगों का निर्माण, पूजन-अभिषेक, कन्या भोज और विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद दिग्विजय सिंह के नेतृत्व में पदयात्रा शुरू होगी।
20 अक्टूबर से 5 नवंबर तक का यात्रा कार्यक्रम
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 20 अक्टूबर को उज्जैन से यात्रा शुरू होकर तराना रोड पर रात्रि विश्राम करेगी। 21 अक्टूबर को यात्रा उज्जैन से ताजपुर जोड़ होते हुए सिंदुरिया पहुंचेगी। 22 अक्टूबर को सिंदुरिया से तराना और 23 अक्टूबर को तराना से सिद्धिपुर होते हुए देवाखेड़ा-जूनापानी जोड़ तक जाएगी।
24 अक्टूबर को यात्रा देवाखेड़ा से करेड़ी माताजी मंदिर होते हुए शाजापुर पहुंचेगी। 25 अक्टूबर को शाजापुर से पनवाड़ी, 26 अक्टूबर को पनवाड़ी से सारंगपुर और 27 अक्टूबर को सारंगपुर से तुकोगंज होते हुए गुलावता तक पदयात्रा होगी।
28 अक्टूबर को यात्रा गुलावता से खजनेर, 29 अक्टूबर को खजनेर से करेड़ी और 30 अक्टूबर को करेड़ी से राजगढ़ पहुंचेगी। इसके बाद 31 अक्टूबर को राजगढ़ से कालीपीठ और 1 नवंबर को कालीपीठ से नयापुरा जोड़ तक यात्रा निकलेगी।
2 नवंबर को पदयात्रा नयापुरा जोड़ से चाचौड़ा होते हुए बीनागंज पहुंचेगी। 3 नवंबर को बीनागंज से घाटाखेड़ी, 4 नवंबर को घाटाखेड़ी से सागर ग्राम और 5 नवंबर को सागर ग्राम से राघौगढ़ के पाटई आश्रम तक यात्रा का कार्यक्रम निर्धारित किया गया है।
5 नवंबर को पाटई आश्रम पहुंचने के बाद दीपावली पर्व के अवसर पर पांच दिनों का अवकाश रहेगा।
सत्य, धर्म और न्याय का संदेश देगी यात्रा
आयोजकों के अनुसार, ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ का उद्देश्य सनातन धर्म के मूल आदर्शों सत्य, न्याय, सदाचार, करुणा और स्वाभिमान के प्रति लोगों को जागरूक करना है। इसके साथ ही धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं से मिलने वाले दान और चढ़ावे के उपयोग में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग को लोगों तक पहुंचाना भी यात्रा का उद्देश्य है।
यात्रा के दौरान विभिन्न नगरों और ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय नागरिकों, धर्मावलंबियों और सामाजिक प्रतिनिधियों से संवाद किया जाएगा। इसके माध्यम से सामाजिक सद्भाव, धार्मिक आस्था के सम्मान और सत्य एवं न्याय के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश दिया जाएगा।
यात्रा में शामिल होने की अपील
यात्रा के आयोजकों ने सनातन धर्मावलंबियों, संत-महात्माओं, सामाजिक संगठनों, युवाओं, मातृशक्ति और आम नागरिकों से अपने-अपने क्षेत्रों में यात्रा का स्वागत करने और सत्य, धर्म, न्याय तथा स्वाभिमान के इस संकल्प में सहभागी बनने की अपील की है।
यात्रा के निर्धारित मार्ग, कार्यक्रम, रात्रि विश्राम स्थलों और सहभागिता से जुड़ी अन्य जानकारी के लिए 0755-2441788 और 0755-2441790 पर संपर्क किया जा सकता है।